डेली न्यूज़ टाइम्स... जिया उल्ला खान.....
बिलासपुर। आबकारी विभाग के अजीबोगरीब फैसले ने मंगलवार की रात शहर में अफरा-तफरी मचा दी। अचानक ही स्वदेशी सरकारी शराब दुकान और बस स्टैंड स्थित शराब दुकान को विभाग ने 7.30 बजे ही बंद करवा दिया, जबकि दूसरी ओर व्यापार विहार की दुकानें सामान्य समय तक खुली रहीं।
इस एकतरफा और मनमाने फैसले का नतीजा यह हुआ कि बंद दुकानों से लौटे सैकड़ों लोग व्यापार विहार की दुकानों पर टूट पड़े। भारी भीड़ से हालात बिगड़ गए और शराब खरीदने के लिए हाहाकार मच गया।
लोगों का कहना है कि आबकारी विभाग का यह फैसला बिल्कुल समझ से परे है। जब सभी दुकानें विभाग के अधीन हैं तो अलग-अलग दुकानों पर अलग-अलग नियम क्यों? एक तरफ समय से पहले ताला जड़ दिया गया तो दूसरी तरफ दुकानें खुली रहीं।
शहरवासियों ने सवाल उठाया है कि आखिर आबकारी विभाग के ऐसे तुगलकी आदेश का जिम्मेदार कौन है? अचानक बंदी से न केवल आम ग्राहकों को परेशानी हुई बल्कि व्यापार विहार की दुकान पर भीड़ के कारण अव्यवस्था और झगड़े की स्थिति बन गई।
आबकारी विभाग के अधिकारी धर्मेंद्र शुक्ला जो इस क्षेत्र की दुकानों के अधिकारी हैं उन्होंने नहीं उठाया फोन
अब लोग पूछ रहे हैं – क्या आबकारी विभाग शराब दुकानों को लेकर किसी खास जगह को फायदा पहुंचा रहा है या फिर यह सिर्फ लापरवाही का नतीजा है?