डेली न्यूज़ टाइम्स... जिया उल्ला खान...
बिलासपुर.....
रायपुर रेंज पुलिस द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन साइबर शील्ड के तहत एक बड़ी कार्रवाई करते हुए फर्जी सिम कार्ड बेचने वाले दो प्वाइंट ऑफ सेल एजेंटों को गिरफ्तार किया गया है। इनकी मदद से जारी सिम पहचान की चोरी एवं कम मूल्य में सामान बेचने के बहाने साइबर ठगी जैसे अपराधों में प्रयुक्त हो रहे थे।
मामला
थाना सिविल लाइन रायपुर में अपराध क्रमांक 290/25, धारा 317(2), 317(4), 317(5), 3(5) बीएनएस एवं 42(3) टेलीग्राफ एक्ट पंजीबद्ध किया गया है। इस अपराध में 18.52 लाख रुपए की साइबर धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज है जिसमें 41 मोबाइल सिम कार्ड का उपयोग किया गया।
जांच एवं गिरफ्तारी
रेंज साइबर थाना रायपुर द्वारा विवेचना के दौरान संबंधित सिम प्रदाता कंपनियों से सूचना प्राप्त की गई। तकनीकी विश्लेषण एवं पीड़ितों–साक्षियों के बयान के आधार पर दो पीओएस एजेंटों को गिरफ्तार किया गया –
- आशीष सिंह, पिता राजेन्द्र प्रसाद सिंह, उम्र 29 वर्ष, निवासी ग्राम सहीजीवार, थाना सुहागिन, जिला रिंवा (मध्यप्रदेश), आशीष मोबाइल का प्रमोटर (जियो, एयरटेल, वी सिम विक्रेता)
- पन्ना लाल साहू, पिता लीलाधर साहू, उम्र 33 वर्ष, निवासी बजरंग चौक के पास, ग्राम परसतराई, थाना धरसींवा, जिला रायपुर, साहू किराना का प्रमोटर (पूर्व में वी, वर्तमान में एयरटेल सिम विक्रेता)
दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजा गया है।
अपराध का तरीका
गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि –
- नया सिम लेने/पोर्ट कराने वाले ग्राहकों का डबल थंब स्कैन/आई ब्लिंक कर ई-केवाईसी के जरिए अतिरिक्त सिम चालू करते थे।
- जिन ग्राहकों के पास आधार कार्ड की फिजिकल कॉपी होती थी, उनकी जानकारी स्वयं वेरिफाई कर डी-केवाईसी से अतिरिक्त सिम एक्टिवेट कर देते थे।
- इन फर्जी सिम कार्डों को अधिक मूल्य पर साइबर अपराधियों को बेचते थे।
पुलिस की अपील
रायपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक श्री अमरेश मिश्रा ने कहा कि साइबर अपराध रोकथाम के लिए ऐसी कार्यवाही लगातार जारी रहेगी। आम नागरिकों से अपील है कि सिम लेने या पोर्ट कराने के दौरान अपनी पहचान की सुरक्षा सुनिश्चित करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।