डेली न्यूज़ टाइम्स..... जिया उल्ला खान....
बिलासपुर, सरकंडा | सरकंडा पुलिस ने एक संगठित जालसाज गिरोह का खुलासा किया है, जिसने कूटरचित दस्तावेजों के ज़रिए एक व्यक्ति की पैतृक जमीन को अनुज मिश्रा के नाम पर फर्जी तरीके से रजिस्ट्री करा लिया था। मामले में मुख्य आरोपी अनुज मिश्रा सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
प्रार्थी प्रकाश दुबे ने सरकंडा थाना में शिकायत दर्ज कराई थी कि ग्राम खमतराई (पटवारी हल्का नंबर 25) स्थित उनकी पैतृक भूमि (खसरा नंबर 672, रकबा 56 डिसमिल) को कूटरचित दस्तावेजों और फर्जी पहचान के सहारे किसी और को बेच दिया गया है। शिकायत की जांच में सामने आया कि अनुज मिश्रा ने अन्य साथियों के साथ मिलकर मृतक भू-स्वामी के नाम पर एक बुजुर्ग व्यक्ति को खड़ा कर फर्जी तरीके से जमीन की रजिस्ट्री करवाई।
जालसाजी का तरीका:
अनुज मिश्रा, राहुल पटवा और अभिषेक दुबे ने मिलकर भू-स्वामी के नाम पर फर्जी कागजात तैयार किए। असली भू-स्वामी भैयालाल दुबे की जगह एक वृद्ध व्यक्ति मंगलदास पंडो को ‘भैयालाल सूर्यवंशी’ बनाकर रजिस्ट्री कार्यालय ले जाया गया, जहां 4 फरवरी 2025 को रजिस्ट्री की गई। मंगलदास को बिलासपुर लाने और खड़ा करने की जिम्मेदारी रामगोविंद पटवा ने निभाई, जो अपने रिश्तेदार गोविंदराम की मदद से इस फर्जीवाड़े को अंजाम देने में सफल हुआ।
गिरफ्तार आरोपी:
- अनुज कुमार मिश्रा – मुख्य आरोपी
- राहुल पटवा
- प्रियांशु मिश्रा
- मंगलदास पंडो (फर्जी भू-स्वामी)
- रामगोविंद पटवा (फर्जी पहचान का आयोजक)
कानूनी कार्रवाई:
- मंगलदास पंडो और रामगोविंद पटवा को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
- अनुज मिश्रा, प्रियांशु मिश्रा और राहुल पटवा को पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ जारी है।
पुलिस ने कहा है कि इस गंभीर भूमि धोखाधड़ी के मामले में और भी आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है तथा इस तरह की ठगी में शामिल किसी को बख्शा नहीं जाएगा।