डेली न्यूज़ टाइम्स.. जिया उल्ला खान...
जांजगीर-चांपा......
जांजगीर-चांपा जिले में फरार अपराधियों के खिलाफ चलाए गए विशेष अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। जिले में हाल ही में पदस्थ पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में 48 घंटे तक चलाए गए इस अभियान में कुल 80 फरार वारंटियों को गिरफ्तार किया गया। इनमें 36 स्थायी वारंटी और 44 गिरफ्तारी वारंटी शामिल हैं।
गिरफ्तार किए गए अपराधी हत्या का प्रयास, लूट, चोरी, बलवा और मारपीट जैसे गंभीर अपराधों में वांछित थे। पुलिस की यह कार्रवाई जिले में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने और आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से की गई।
अभियान के दौरान दो ऐसे स्थायी वारंटियों को भी गिरफ्तार किया गया जो पिछले 20 वर्षों से फरार थे। ये दोनों जांजगीर थाना क्षेत्र से संबंधित हैं और हत्या की नीयत से प्राणघातक हमला करने के आरोप में लंबे समय से फरार थे। इसी तरह, चाम्पा थाना क्षेत्र का एक वारंटी, जो लूट की घटना में शामिल था और दो वर्षों से फरार चल रहा था, उसे भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
सभी गिरफ्तार वारंटियों को विधिसम्मत रूप से वारंट तामील कराते हुए संबंधित न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।
यह विशेष अभियान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में तथा डीएसपी, एसडीओपी और जिले के सभी थाना/चौकी प्रभारियों के सहयोग से चलाया गया। पुलिस ने विभिन्न थाना क्षेत्रों में निम्नानुसार गिरफ्तारी की:
- थाना जांजगीर: 13 गिरफ्तारी वारंट, 4 स्थायी वारंट
- चौकी नैला: 4 गिरफ्तारी वारंट, 3 स्थायी वारंट
- थाना अकलतरा: 13 गिरफ्तारी वारंट, 1 स्थायी वारंट
- थाना चाम्पा: 16 गिरफ्तारी वारंट, 5 स्थायी वारंट
- थाना नवागढ़: 1 गिरफ्तारी वारंट
- थाना बलौदा: 1 गिरफ्तारी वारंट
- थाना पामगढ़: 2 गिरफ्तारी वारंट, 5 स्थायी वारंट
- थाना शिवरीनारायण: 2 स्थायी वारंट
- थाना बिर्रा: 1 गिरफ्तारी वारंट
- थाना बम्हनीडीह: 2 गिरफ्तारी वारंट, 2 स्थायी वारंट
- थाना सारागांव: 5 गिरफ्तारी वारंट
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान केवल पहली कड़ी है। इसके अगले चरण में उन सभी आरोपियों पर कार्रवाई की जाएगी जिनके विरुद्ध न्यायालयों द्वारा समंस नोटिस जारी किए गए हैं या जो जमानत पर चल रहे हैं और पेशी तिथि पर न्यायालय में उपस्थित नहीं हो रहे हैं। ऐसे मामलों में जमानत निरस्त कर गिरफ्तारी की कार्रवाई की जाएगी।
जिले की पुलिस ने यह संदेश दिया है कि कानून व्यवस्था को बनाए रखने तथा आपराधिक तत्वों पर शिकंजा कसने के लिए ऐसे सघन अभियान भविष्य में भी जारी रहेंगे।