डेली न्यूज़ टाइम्स... जिया उल्ला खान...
गौरेला। एक बार फिर इंसानियत और मानवीय संवेदनाओं की मिसाल पेश करते हुए इंटक जिला अध्यक्ष इदरीस अंसारी ने यह साबित कर दिया कि संगठन सिर्फ मजदूरों के हक की लड़ाई नहीं लड़ता, बल्कि उनके दुख-सुख में भी बराबर साथ खड़ा रहता है।
बीते सप्ताह ग्राम मढ़ना डिपो गौरेला निवासी दशरथ नमक व्यक्ति, जो इंटक परिवार से जुड़ा हुआ था, का निधन हो गया। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण उनकी पत्नी तेरहवीं संस्कार करने में असमर्थ थीं। इस बात की जानकारी इंटक पंचायत अध्यक्ष मदन मोहन ने जिला अध्यक्ष इदरीस अंसारी को दी।
जानकारी मिलते ही इदरीस अंसारी ने पूरे इंटक परिवार से सहयोग की अपील की। अपील के बाद संगठन के सदस्यों ने मानवता का परिचय देते हुए मदद के हाथ बढ़ाए —
राकेश पूरी ने ₹251, अमित सोनी ने ₹301, और सेखवा उप सरपंच शंकर दयाल ने ₹250 का योगदान दिया।
इसके बाद इंटक जिला अध्यक्ष इदरीस अंसारी ने स्वर्गीय दशरथ की पत्नी को बुलाकर ₹1500 (एक हजार पांच सौ रुपए) का चेक सौंपा और संगठन की ओर से सहयोग राशि प्रदान की। सहायता पाकर मजदूर की पत्नी की आंखों से आंसू छलक पड़े, उन्होंने नम आंखों से संगठन और अध्यक्ष का आभार जताया।
इस अवसर पर इदरीस अंसारी ने कहा—
“गरीबों की मदद करने और उनके सुख-दुख में साथ खड़े होने से जो सुकून मिलता है, वो किसी अमीर की पार्टी में नहीं मिलता। आज लोग लाखों रुपए दिखावे में खर्च कर देते हैं, मगर जरूरतमंद की मदद करने में पीछे हटते हैं। मेरा उद्देश्य है कि हर गरीब मजदूर के जीवन में थोड़ा सुकून लाया जा सके।”
उन्होंने आगे कहा कि इंटक संगठन दिखावे पर नहीं, काम पर विश्वास रखता है। हर सदस्य को इस सोच से जुड़कर समाज में मानवता की मिसाल कायम करनी चाहिए।