डेली न्यूज़ टाइम्स.... जिया उल्ला खान....
मां नर्मदा जी की उद्गम स्थली पवित्र नगरी अमरकंटक के वार्ड क्र.7 सीताराम दर्शनीय गुफा आश्रम अरंडी संगम में गंगा दशहरा जेष्ठ शुक्ल दसवीं के पावन अवसर पर गुरुदेव श्री स्वामी सीताराम दास जी महाराज की हवन एवं पूजा पाठ उपरांत अरंडी संगम आश्रम पर भक्तों के सहयोग और ट्रस्टियों की उपस्थिति में विशाल नगर भंडारा का आयोजन प्रतिवर्ष गंगा दशहरा के पावन अवसर पर होता चला आ रहा है । जिसमें मुख्य तौर पर महाराष्ट्र , छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश के अनेक जगहों से भक्तों की टोली अमरकंटक दर्शनीय गुफा आश्रम अरंडी संगम पहुंच गुरुकृपा और उनके आशीर्वाद से हर वर्ष भक्तों ने प्रातः गुरु बंदना कर पूजन, हवन, आरती बाद विशाल संत भंडारे का आयोजन किया जाता है । अनेक वर्षों से विदर्भ क्षेत्र महाराष्ट्र के लोगों (भक्तों,श्रद्धालुओं) की विशेष उपस्थिति रही ।
डॉ रजनीश पाण्डेय जो की संत सीताराम दास जी महाराज गुफा आश्रम के ट्रस्टी है,बताते है कि गंगा दशहरा का दिन मां गंगा के धरती पर अवतरण का प्रतीक माना जाता है । इस दिन गंगा स्नान, दान और पूजन का विशेष महात्म है । अमरकंटक के आरंडी संगम आश्रम में तीन देवियों का एक मंदिर है जो इस स्थान के महात्म को दर्शाता है कि मां नर्मदा, मां गंगा और मां आरंडी साथ विराजमान है । यहां पर गंगा दशहरा को मां गंगा जी मैया नर्मदा में आकर अपना सारा बोझ हल्का (भार) कर लेती है । इस दिन नर्मदा में स्नान करने से गंगा स्नान का पुण्य प्राप्ति के साथ सभी पापों का नाश होता है । इस तरह के आयोजन प्रत्येक वर्ष की गंगा दशहरा पर्व के उपलक्ष्य में पिछले 100 वर्षों से मनाया जा रहा है । जिसमें विभिन्न साधु संत के दर्शन के साथ उनका आशीर्वाद प्राप्त करने का सौभाग्य प्राप्त होता है । इस मौके पर 1000 से अधिक श्रद्धालु एवं 151 साधु संत सम्मिलित हुए ।
श्रीमती वर्षा जी जो विदर्भ क्षेत्र की समाज सेविका है ने बताया की, उनके द्वारा स्वामी जी पर PHD करने के दौरान अनेक साधु संत एवं अनेक ग्रहस्त जनों के इंटरव्यू लिए जिसमें श्री सीताराम दासजी महाराज अवतारी पुरुष थे कुछ लोगों का मानना है कि वो तुलसीदास जी के बाद जन्म लिए तथा उन्होंने राम कथा को जन जन तक पहुंचाया। ऐसा भी माना जाता है कि उनकी अवस्था 300 वर्ष से ज्यादा थी स्वामी जी श्री टुकड़ों जी महाराज जी के साथ भी लंबा समय साधना किए थे जिसके प्रमाण नागपुर के रामटेक क्षेत्र में मिलता है । छत्तीसगढ़ से डॉ रजनीश पाण्डेय के गुफा आश्रम में संत भंडारे में सैकड़ों साधु संत , भक्त , श्रद्धालु , पर्यटक , तीर्थयात्री, नगरवासी आदि सभी पहुंच भंडारे का प्रसाद ग्रहण कर पुण्य अर्जित किए । दर्शनीय संत सीताराम दास जी महाराज गुफा आश्रम के मुख्य ट्रस्टी प्रदीप छावड़ा गुड़गांव के अलावा अन्य ट्रस्टी सत्यनारायण खंडेलवाल नैनपुर , मुकेश जैन मंडला , ब्रजेश अग्रवाल , डॉ रजनीश पांडेय , त्रिभुवेंद्र कुमार दास , नारायण दास अग्रवाल तथा इसके अतिरिक्त छत्तीसगढ़ गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष श्री विशेश्वर पटेल जी सम्मिलित हुए । इस आयोजन के अंत में 151 से अधिक आए साधु संतों को उपहार देकर सम्मानित भी किया गया ।