डेली न्यूज़ टाइम्स.... जिया उल्ला खान....
बिलासपुर। शहर में ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित करने और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए यातायात पुलिस द्वारा ऑटो पार्ट्स विक्रेताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक का आयोजन यातायात कार्यालय में किया गया, जिसमें मॉडिफाइड साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न के क्रय-विक्रय एवं संग्रहण पर सख्ती से रोक लगाने का निर्णय लिया गया।
बैठक की अध्यक्षता अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) ने की। इस दौरान यह बताया गया कि मॉडिफाइड साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न से उत्पन्न होने वाली तीव्र ध्वनि से न केवल ध्वनि प्रदूषण बढ़ता है, बल्कि यह हृदय और मानसिक स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालता है। इसके चलते शहर के वातावरण और आमजन के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए इन उपकरणों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में लिए गए प्रमुख निर्णय इस प्रकार हैं:
- ऑटो पार्ट्स दुकानों में मॉडिफाइड साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न का क्रय, विक्रय और संग्रहण नहीं किया जाएगा।
- यदि किसी दुकान में इन उपकरणों की बिक्री होती पाई गई, तो संबंधित विक्रेता के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
- सभी दुकानों के बाहर एक सूचनात्मक बोर्ड लगाया जाएगा, जिसमें यह स्पष्ट रूप से लिखा होगा कि "यहाँ मॉडिफाइड साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न विक्रय नहीं किया जाता है"।
- यदि कोई वाहन चालक ऐसे उपकरणों को लगवाने का आग्रह करता है, तो उस व्यक्ति की जानकारी यातायात मुख्यालय को देना अनिवार्य होगा।
- ऐसे किसी भी साइलेंसर में फटाके जैसी आवाज पैदा करने वाले यंत्रों का प्रयोग पूर्णतः वर्जित होगा।
- यदि कोई वाहन इस प्रकार के उपकरण के साथ सुधार हेतु दुकान में आता है, तो उसकी जानकारी भी यातायात मुख्यालय को दी जानी होगी।
- यदि किसी वाहन की मूल संरचना या सुरक्षा मानकों के साथ छेड़छाड़ की जाती है, तो संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
- पुलिस, मेडिकल या आपातकालीन सेवाओं के सायरन तथा हॉर्न की बिक्री अनधिकृत व्यक्तियों को नहीं की जाएगी।
बैठक में शहर के अधिकांश ऑटो पार्ट्स विक्रेता उपस्थित रहे और उन्होंने इन सभी नियमों का पालन करने की सहमति दी। इसके साथ ही यातायात पुलिस को आश्वासन दिया गया कि वे इस दिशा में पूर्ण सहयोग देंगे, ताकि शहर में एक सुव्यवस्थित और शांत यातायात प्रणाली सुनिश्चित की जा सके।